Tuesday, October 1, 2013

नरेन्द्र मोदी -स्वागत में छह हजार से भी अधिक कार्यकर्ता

प्रधानमंत्री पद के लिये बीजेपी का उम्मीदवार घोषित किए जाने के बाद गुजरात के मुख्यमंत्री नरेन्द्र मोदी पहली बार मुंबई दौरे पर आए। अपने विशेष विमान से जबमोदी शाम पांच बजे मुंबई के डॉमेस्टिक एयरपोर्ट पर उतरे तोउनके स्वागत में छह हजार से भी अधिक कार्यकर्ता मौजूद थे।एयरपोर्ट पर गोपीनाथ मुंडे , विधानपरिषद में विपक्षी दल केनेता विनोद तावड़े , राज्य बीजेपी प्रमुख देवेन्द्र फड़णवीस ,पूर्व केंद्रीय ऊर्जा मंत्री जयवंती बेन मेहता , मुंबई बीजेपीप्रमुख आशीष शेलार , गोपाल शेट्टी , राम भाऊनाइक , योगेससागर , भाई गिरकर समेत पार्टी के सभी प्रमुख नेता मौजूदथे। 
अपने
 भव्य स्वागत से अभिभूत मोदी ने कहा कि आज मैं शिवाजी महाराज की धरती पर आया हूं यह पवित्रधरती मुझे यह आशीर्वाद दे कि मुझसे कभी कोई बुरा काम ना हो। मोदी ने अपने स्वागत के लिए कार्यकर्ताओं काधन्यवाद ज्ञापित किया। मोदी जैसे ही एयरपोर्ट से बाहर आए वहां मौजूद भीड़ ने मोदी के स्वागत में नारेबाजीकी। जिसके बाद मोदी ने उपस्थित जन समूह को संबोधित करते हुए केंद्र में सत्तासीन यूपीए की सरकार को आड़ेहाथो लिया। मोदी ने यूपीए पर सेंट्रल एजेंसियों के दुरुपयोग का आरोप लगाया। उन्होंने केंद्र पर सीबीआई कादुरुपयोग करते हुए मनमानी का आरोप लगाया। 
मोदी
 ने केंद्र सरकार का मखौल उड़ाते हुए कहा कि दिल्ली सरकार को पता ही नहीं है कि वे वहां क्यों बैठे हैं।मोदी ने यूपीए को चुनौती देते हुए कहा कि किसी भी पार्टी को यह हक नहीं है कि वो सत्ता को अपनी बपौतीसमझे। यह सिंहासन देश की जनता का है। तीखे कटाक्ष यही नहीं रुके उन्होंने वोटर्स से बीजेपी को सत्ता में लानेकी बात कहकर कांग्रेस मुक्त करने की बात कहीं। उन्होंने जनता को यूपीए के अत्याचारों से मुक्त करने काआश्वासन दिया। इसके बाद मोदी बीकेसी स्थित भारत डायमंड हाउस गए , जहां उन्होंने उद्धव ठाकरे और गोपीनाथ मुंडे के साथ मंच शेयर किया। 

Wednesday, September 25, 2013

गणपतिमंडलों के खिलाफ भी एफआईआर

अवैध बैनर पोस्टर के खिलाफ जारी अभियान में बीएमसी ने कई गणपतिमंडलों के खिलाफ भी एफआईआर दर्ज की है। पिछले कई दिनों से शहर में जहां-तहां फैले अवैध बैनर और पोस्टर्स को हटाने के लिए बीएमसी लगातार कार्रवाई कर रही है। 
गणपति बप्पा के पंडाल बनानेवाले सार्वजनिक मंडलों ने भी जमकर प्रचार और स्वागत के बैनर व पोस्टर लगाए हैं। आंकड़ों पर नजर डालें तो अब तक 20 से ज्यादा गणपति मंडलों पर एफआईआर दर्ज की गई है।
 
इनके खिलाफ एमएमसी एक्ट 328/328A 471 के तहत मजिस्ट्रेट कोर्ट में मुकदमा चलाया जाएगा। यहां यदि ये दोषी पाए जाते हैं तो इन पर 500 से 50000 रुपये तक जुर्माना लगाया जाएगा। बीएमसी के लाइसेंस सुपरिटेंडेंड शरद बांदे ने कहा कि जैसे-जैसे हमें बैनर और पोस्टर्स लगानेवाले का पता चलेगा आरोपियों एफआईआर दर्ज कोर्ट में मुकदमा दायर किया जाएगा।
 

Tuesday, September 24, 2013

25 साल की एक लड़की का शव मिला

 मुंबई में बांद्रा वर्ली सी लिंक के पास 25 साल की एक लड़की का शव मिला है। शव को धारदार हथियार से कई टुकड़ों में काटा गया है। शव के कई हिस्से गायब हैं। पुलिस को शक है कि यह किसी मॉडल का शव हो सकता है।
पुलिस ने बताया कि बोरे में लाश को बांधकर समुंद्र में बाहने की कोशिश की गई थी। अब तक लड़की की पहचान उजागर नहीं हो पाई है।

Thursday, September 19, 2013

नई कार्यकारणी में पहली बार एक-तिहाई पद हिंदीभाषियों को बहाल

मुंबई बीजेपी की नई कार्यकारणी में पहली बार एक-तिहाई पद हिंदीभाषियों को बहाल किए गए हैं। नए अध्यक्ष आशीष शेलार की इस 'छप्पर फाड़ सौगात' के पीछे पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजनाथ सिंह के वरदहस्त की अहम भूमिका मानी जा रही है। 
राजनीतिक तौर पर इसे हिंदीभाषी वोट बैंक में हिस्सेदारी बढ़ाने की कोशिश से भी जोड़कर देखा जा रहा है। बताया जा रहा है कि पिछले दिनों मुंबई यात्रा के दौरान राजनाथ सिंह ने शेलार की हिंदी भाषी रणनीति को स्वीकृति दी है। शेलार के राजनाथ से बेहद करीबी संबंध बताए जाते हैं।
 
मुंबई बीजेपी अध्यक्ष पद पर मराठी भाषी शेलार की नियुक्ति के बाद पार्टी में एक प्रबल वर्ग हिंदी भाषियों को हाशिए पर भेजे जाने की भविष्यवाणी करने में जुटा हुआ था। कुल 28 पदाधिकारियों में नौ हिंदी भाषियों की नियुक्ति करके शेलार ने उनकी बोलती बंद कर दी है।
 
मुंबई बीजेपी के 10 उपाध्यक्षों में चार- दीनानाथ तिवारी, संजय उपाध्याय, करुणाशंकर ओझा और अमरजीत सिंह- हिंदी भाषी हैं। चारों अनुभवी हैं और इससे पहले भी पार्टी के प्रमुख पदों पर रह चुके हैं। सबसे महत्वपूर्ण परिवर्तन अमरजीत मिश्रा की महासचिव पद पर नियुक्ति है। मुंबई में सामाजिक और सांस्कृतिक आयोजनों में बेहद सक्रिय मिश्रा को उत्तरभारतीय मोर्चा के सीमित दायरे से ऊपर उठकर काम दिखाने का अवसर दिया गया है।
 
इसी तरह पुराने दिग्गज विवेकानंद गुप्ता और विनोद मिश्रा के साथ युवा चेहरे संतोष सिंह को भी मंत्री पद की जिम्मदारी दी गई है। इसके अलावा, जानेमाने उद्यमी व समाजसेवी सुरेशभाई अग्रवाल को सह-कोषाध्यक्ष का जिम्मा सौंपा गया है।
 
इतना ही नहीं, मुंबई युवा मोर्चा के अध्यक्ष पर भी गणेश पांडे को मौका दिया गया है। योगेश वर्मा को प्रवक्ता नियुक्त किया गया है। नगरसेवक ज्ञानमूर्ति शर्मा उत्तर भारतीय मोर्चा की कमान संभालेंगे। इसी क्रम से जुड़े घटनाक्रम में ओमप्रकाश चौहान को महाराष्ट्र बीजेपी मीडिया सेल का सदस्य नियुक्त किया गया है।


Saturday, September 14, 2013

हिन्दी ! भारत- माता के माथे की बिंदी

हिन्दी ! भारत- माता के माथे की बिंदी ! सभी हिन्दी भाषियों को हिदी दिवस की शुभकामनायें ,एवं अहिन्दी भाषियों को हिन्दी भाषा अपनाने का आवाहन ! जय हिन्दी !

Tuesday, September 10, 2013

गणपति का पूजन एक ही जगह पर

ग्रांट रोड के गांव देवी स्थित एक चाल में 1934 से पुथु लक्ष्मण मानकट्टी का परिवार पारंपरिक तरीके से मंुबई का सबसे पहला गणपति बिठाते हैं। गणेश चतुर्थी के दिन परिवार के सभी लोग पारंपरिक तरीके से बैंड-बाजे के साथ सिर पर पीढ़ी लेकर गणपति को मूर्तिकार के पास से सुबह-सुबह लाते हैं और फिर उसके बाद निर्धारित जगह पर प्रतिमा को स्थापित उनका पूजन करते हैं। गणपति का पूजन सुबह से प्रारंभ होकर देर शाम तक चलता है। हालांकि, दोपहर बाद से गणपति को विसर्जित करने की तैयारियां शुरू हो जाती है। इस दौरान तीन बार बप्पा की आरती होती है, जिसके बाद देर रात परिवार के लोग सिर पर गणपति को बिठाकर नाचते-गाते हुए गिरगांव चौपाटी की ओर विसर्जित करने के लिए निकल पड़ते हैं। गिरगांव चौपाटी पर करीब डेढ़ बजे रात में परिवार के लोग गजानन की प्रतिमा को समंदर में प्रवाहित कर सुबह होने से पहले ही घर लौट जाते हैं। यह परंपरा मानकट्टी परिवार पिछले 78 साल से करते आ रहे हैं। इस बार परिवार की चौथी पीढ़ी विघ्नहर्त्ता का पूजन करने वाले हैं। एक ही स्थान पर एक ही दिशा में पूजन मानकट्टी परिवार के सदस्य पुथु लक्ष्मण मानकट्टी ने बताया कि तमाम परेशानियों के बावजूद लंबोदर की पूजा एक ही दिशा में एक ही घर में एक ही स्थान पर करते हैं। हालांकि, 78 सालों में बिल्डरों या रिडिवेलपमेंट की वजह से कई बार स्थान बदलने की बात की गई, पर गणपति का पूजन एक ही जगह पर किया जाता है। इस दौरान मानकुट्टी परिवार के पांच भाईयों के परिवार सहित कम से कम 50 लो पूजा में भाग लने के लिए देश-विदेश से हर साल आते हैं। 

Monday, September 2, 2013

मेगा ब्लॉक- ऐसे में आसाराम के समर्थकों के इस हंगामे की वज

 संडे को सेंट्रल लाइन पर कल्याण औरअंबरनाथ के बीच मेगा ब्लॉक था। पहले से ही लोग परेशानथे। ऐसे में आसाराम के समर्थकों के इस हंगामे की वजह सेलोग खासे परेशान हुए। मेगा ब्लॉक में इस एक्सट्रा मुसिबत सेपरेशान लोगों की आम प्रतिक्रिया आसाराम के प्रति काफीतीखी थी। 
उल्हासनगर
 रेलवे स्टेशन पर रविवार को आसाराम केसमर्थकों ने एक घंटे से भी अधिक समय तक लोकल ट्रेनरोककर प्रदर्शन किया। आशाराम के समर्थक रेलवे पुलिस परभारी पड़े। रेलवे पुलिस तमाशबीनों की तरह एक तरफ खड़ीरही। समर्थकों ने सेंट्रल पुलिस स्टेशन पर भी हंगामा मचाया। 
आसाराम
 के समर्थकों ने उल्हासनगर रेलवे स्टेशन पर करीब 1 घंटा 3 मिनट तक लोकल ट्रेनों को रोके रखा।मिली जानकारी के अनुसार रविवार दोपहर को आशाराम बापू के समर्थक हजारों की संख्या में उल्हासनगर रेलवेस्टेशन पहुंच गए। यहां प्लेटफॉर्म और रेलवे ट्रैक पर खड़े होकर उन्होंने एक घंटे से भी अधिक देर तक ट्रेनों कोरोके रखा। 
इस
 दौरान रेलवे पुलिस असहाय दिखी और तमाशबीनों की तरह तमाशा देखती रही। बाद में कुछ अन्य समर्थकोंऔर स्थानीय नेताओं के समझाने के बाद समर्थक रेलवे ट्रैक से हटे और हजारों की संख्या में सेंट्रल पुलिस स्टेशनपहुंच गए , जहां उन्होंने आशाराम के निर्दोष होने की बात कही और उन्हें जेल भेजे जाने पर सामूहिक गिरफ्तारीदेने की बात रखी। 
आसाराम
 के समर्थकों में महिलाओं की बड़ी संख्या होने के कारण सेंट्रल पुलिस स्टेशन के पुलिसकर्मियों को स्थितिसंभालने में काफी मशक्कत करना पड़ी। शिवसेना के लोग भी आशाराम के समर्थन में दिखे। शिवसेना केनगरसेवक राजेंद्र भुल्लर महाराज यहां खासतौर पर मौजूद रहे। वहीं दूसरी ओर आशाराम बापू के प्रवचनों औरअन्य आयोजनों के दौरान उल्हासनगर में बड़े - बड़े बैनर और पोस्टर लगाने वाली उनकी नेता मंडली विरोधप्रदर्शन से गायब दिखी। सायन रेलवे स्टेशन पर भी रविवार दोपहर करीब 3 बजे आशाराम बापू के समर्थकों नेट्रेन रोकने की कोशिश की
सायन
 , चेंबूर और किंग्स सर्किल में भी आशाराम की गिरफ्तारी के विरुद्घ प्रदर्शन हुए। दोपहर करीब 3 बजेसायन रेलवे स्टेशन पर समर्थकों ने ट्रेन रोकने का प्रयास किया। परिवहन बाधित होते देख यहां रेलवे पुलिस कोहल्का बल प्रयोग करना पड़ा। पुलिस के तेवर देख आशाराम के समर्थक तितर - बितर हो गए। कुछ समर्थकों कोगिरफ्तार भी किया गया है।