Monday, December 9, 2013

आगे वाली सीट पर बैठे यात्री ने जोगेंद्र की गरदन पर चाकू रखकर उसे टैक्सी को सड़क किनारे लगाने को कहा

पिछले काफी महीनों से दादर, बांद्रा और अंधेरी से लेकर घाटकोपर, कुर्ला और विक्रोली जैसे भीड़ वाले रेलवे स्टेशनों से सवारी उठाने वाले टैक्सी चालक इन दिनों टैक्सी चोर गिरोह से परेशान हैं। टैक्सी चालकों की मानें तो भीड़ वाले स्टेशनों से यात्रियों को उनके गंतव्य तक पहुंचाने के लिए टैक्सी स्टैंड में टैक्सी चालक और ऑटोरिक्शा चालक यात्रियों का इंतजार करते हैं।
इस दौरान ऑटोरिक्शा और टैक्सी चोर गिरोह के लोग यात्री बनकर आते हैं और गंतव्य पर पहुंचने से पहले ही उनके साथ लूटपाट, मारपीट और जान से मारने की धमकी देकर टैक्सी व ऑटो सहित मोबाइल, नकदी और लाइसेंस लेकर फरार हो जाते हैं। दादर रेलवे स्टेशन टैक्सी चालक संगठन से जुड़े एक सदस्य ने बताया कि पुलिस में शिकायतें दर्ज करवाने के बाद भी टैक्सी व ऑटो चालकों को उनकी गाड़ियां नहीं मिलती हैं। संगठन की मानें तो अधिकतर टैक्सी चालक महिला यात्री के झांसे में फंसकर सब कुछ गवां बैठते हैं।
शुक्रवार की रात टैक्सी लूटने वाले गिरोह का शिकार बने लालबाग निवासी जोगेंद्र जैसवार ने बताया कि रात साढ़े नौ बजे वह दादर स्टेशन के बाहर यात्रियों का इंतजार कर रहा था। इस दौरान एक पुरुष और एक महिला आए और उन्होंने जोगेंद्र को कल्याण चलने को कहा। दूर का भाड़ा पाने के लालच में जोगेंद्र महिला को ले जाने को तैयार हो गया। इस दौरान महिला के दो और जान पहचान वाले वहां पहुंच गए और सभी लोग टैक्सी में बैठ गए।
जोगेंद्र के मुताबिक, सभी लोगों को बिठाकर जैसे ही वह कल्याण से आगे मोहिनी बीट चौकी के पास पहुंचा, अचानक आगे वाली सीट पर बैठे यात्री ने जोगेंद्र की गरदन पर चाकू रखकर उसे टैक्सी को सड़क किनारे लगाने को कहा। इसके बाद चाकू की नोंक पर उसे टैक्सी से उतारने के बाद टैक्सी की पिछली सीट पर बैठे दो लोगों ने उसका हाथ पकड़ा और महिला यात्री ने चाकू से उसकीबनियान फाड़ डाली।
इस दौरान एक व्यक्ति ने बनियान के टुकड़े से उसका हाथ बांधा, जबकि महिला ने बचे हुए टुकड़े को जोगेंद्र के मुंह में ठूंस दिया, ताकि वह बोल न पाए। इसके बाद महिला ने जोगेंद्र की पैंट से गाड़ी की चाबी, लाइसेंस, नकदी और मोबाइल लेने के बाद उसे सड़क किनारे धक्का मार दिया। फिर लुटेरे वहां से टैक्सी में बैठकर फरार हो गए। करीब एक बजे रात में किसी तरह हाथ खोलने के बाद जोगेंद्र टिटवाला पुलिस स्टेशन पहुंचा।
जांच अधिकारी एस. के. कदम के मुताबिक, जोगेंद्र के बयान के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। जांच टीम दादर स्टेशन के बाहर लगे सीसीटीवी फुटेज को भी खंगाल रही है।
 

Thursday, December 5, 2013

बीएमसी का दस्ता दल-बल के साथ बीआईटी चाल पहुंचा

ताडवाडी, मझगांव की बीआईटी चाल की चार इमारतों की बिजली और पानी मंगलवार को बीएमसी ने काट दी। कार्रवाई के दौरान स्थानीय निवासियों ने डटकर विरोध किया। उनका समर्थन स्थानीय नेताओं ने भी किया। किंतु बीएमसी और पुलिस के सामने उनकी एक नहीं चली। चार इमारतों में कुल 320 परिवार रहते हैं। सुप्रीम कोर्ट ने इन्हें हटाने का आदेश दिया है। 
मंगलवार को बीएमसी का दस्ता दल-बल के साथ बीआईटी चाल पहुंचा। इसकी भनक जैसे ही लोगों का लगी सभी लोग नीचे आ गए। शिवसेना के नेता व पूर्व नगरसेवक यशवंत जाधव व अन्य लोग भी पहुंच गए। लोग बीएमसी की कार्रवाई का विरोध करने लगे, लेकिन पहले से तैनात पुलिस के सामने विरोधकों की एक न चली। बीएमसी दस्ते ने पानी और बिजली कनेक्टशन काट दिए। 
ताडवाडी में बीआईटी चालें हैं। इनमें बिल्डिंग नंबर 13, 14, 15 और 16 जर्जर हो चुकी हैं। इन बिल्डिंगों को बीएमसी ने रहने के अयोग्य घोषित कर दिया है और सी-1 की श्रेणी में डाल दिया है। इन बिल्डिंगों में रहने वालों को बीएमसी ने ट्रांजिट कैंप और माहुल में घर मुहैया कराए हैं, लेकिन लोग वहां पर जाने के लिए तैयार नहीं है। लोगों का कहना है कि ट्रांजिट कैंप का घर बहुत ही छोटा है जबकि माहुल का मकान बहुत दूर है। 
सभी लोगों को रहने के लिए पर्याप्त व्यवस्था की गई है, फिर भी लोग यहां से जाने के लिए तैयार नहीं है। बिल्डिंग खतरनाक हो चुकी और सुप्रीम कोर्ट ने भी इन इमारतों को खाली कराने का आदेश दिया है, इसलिए पहले दौर में इन इमारतों की बिजली और पानी का कनेक्शन काटा है। 

Monday, November 18, 2013

बालासाहेब ठाकरे की पहली पुण्यतिथि पर लोगों का हुजूम

 दिवंगत शिवसेना प्रमुख बालासाहेब ठाकरे की पहली पुण्यतिथि पर लोगों का हुजूम उमड़ पड़ा। रविवार की सुबह सात बजे से ही शिवाजी पार्क में बने 'स्मृति स्थल' के दर्शन व श्रद्धांजलि देनेवालों का तांता लग गया।
राजनीति, उद्योग जगत समेत तकरीबन सभी क्षेत्रों से लोग श्रद्धांजलि देने पहुंचे। राज्य के अलग-अलग हिस्सों से आए शिवसैनिक 'परत या, परत या बालासाहेब या' के नारे लगाकर अपने 'साहेब' की वंदना की।
बालासाहेब की पहली पुण्यतिथि पर शिवसेना पक्ष प्रमुख उद्धव ठाकरे ने पत्नी शर्मिला, बेटे आदित्य और तेजस ठाकरे के साथ पुष्पांजलि अर्पित की। वहीं, महाराष्ट्र के राज्यपाल के. शंकरनारायणन, एनसीपी अध्यक्ष शरद पवार, उनकी पुत्री सुप्रिया सुले, बीजेपी के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी, गोपीनाथ मुंडे ने भी श्रद्धांजलि दी। इसके अलावा पीडब्लूडी मंत्री छगन भुजबल, प्रफुल्ल पटेल, बीजेपी नेता राजीव प्रताप रूडी, विधान परिषद में विपक्ष के नेता विनोद तावडे, वीडियोकॉन के वेणुगोपाल धूत और बजाज ग्रुप के राहुल बजाज ने भी आदरांजलि दी।

Wednesday, November 13, 2013

नवी मुंबई - प्रस्तावित इंटरनैशनल एयरपोर्ट के निर्माण

नवी मुंबई के प्रस्तावित इंटरनैशनल एयरपोर्ट के निर्माण की राह में अब तक की सबसे बड़ी बाधा बने 'भू-अधिग्रहण विवाद' के हल हो जाने की खुशी में कई गांवों में दीवाली-सा जश्न है। इसका सबसे बड़ा कारण विदेशों में मिलने वाले आकर्षक पैकेज की तर्ज पर यहां के किसानों व भूमिहीनों को मिला देश का अब तक का सबसे बड़ा पैकेज है। सिडको को उम्मीद है कि अब 2017 तक किसी भी हाल में पहले चरण का निर्माण पूरा कर यहां से पहली उड़ान शुरू हो जाएगी।
नए इंटरनैशनल एयरपोर्ट से विस्थापित होने वाले ग्रामीणों के साथ मुआवजे, पुनर्वसन और अन्य लाभ की मांग को लेकर बीते 10 साल से सिर्फ बातें और बातें ही हो रही थी। एक वक्त ऐसा भी आया कि सभी को लगा कि 305 फीसदी तक महंगा हो चुका यह एयरपोर्ट सपना ही रह जाएगा और इसकी योजना कागजों पर ही सिमट जाएगी।

राज्य सरकार के इस अत्यंत महत्वाकांक्षी प्रॉजेक्ट का 2002-03 में शुरुआती बजट करीब 4000 करोड़ रुपये का था। पर 10 सालों में यही बजट चार गुना बढ़कर अब 15000 से 16000 हजार करोड़ रुपये के करीब हो चुका है। अभी यह भी निश्चित नहीं है कि इतने बजट में ही सब काम हो जाएगा।
सितंबर में नीदरलैंड (डच) की 'नीदरलैंड्स एयरपोर्ट कंसल्टटेंट्स' कंपनी के क्षेत्रीय प्रबंधक जोयेरी आलमैन ने महाराष्ट्र सरकार को यह सलाह दी थी कि महंगी जमीन के सौदे को देखते हुए जेएनपीटी (उरण) के पास के समुद्र में भराई कर 2500 हेक्टेयर जमीन का निर्माण कर नया इंटरनैशनल एयरपोर्ट बनाया जा सकता है।
परियोजनाग्रस्तों की अव्यवहारिक 35 फीसदी विकसित भूखंड समेत कई अन्य राहत की मांग से परेशान महाराष्ट्र सरकार ने इसे गंभीरता से लिया था। सूत्रों का कहना है कि इस समुद्री विकल्प के चलते ही परियोजनाग्रस्तों पर दबाव बढ़ा और अंततः राज्य सरकार से जो भी प्रस्ताव मिला, उसे मंजूर कर लिया। हालांकि जिस मुआवजे पर सहमति बनी है, वह पूरे देश में बेजोड़ और शानदार ही कही जाएगी।
नए हवाई अड्डे से जुड़ी कुछ महत्वपूर्ण जानकारियां एयरपोर्ट में लगने वाली कुल जमीन: 2268 हेक्टेयर सिडको के कब्जे वाली कुल जमीन: 1572 हेक्टेयर हस्तांतरण के इंतजार में बची सरकारी जमीन: 25 हेक्टेयर अभी तक संपादित जमीन: 1597 हेक्टेयर शेष बची असंपादित जमीन: 671 हेक्टेयर वैमानिक क्षेत्र की मुख्य जमीन: 1160 हेक्टेयर वैमानिक क्षेत्र में आने वाले 10 गावों की असंपादित जमीन: 292 हेक्टेयर प्रॉजेक्ट का शुरुआती मूल बजट: करीब 4000 करोड़ रुपये प्रॉजेक्ट का वर्त्तमान संभावित बजट: 15000 से 16000 करोड़ या इससे अधिक विस्थापित होने वाले गांव: तारघर, कोंबडभुजे, उलवे, गणेशपुरी, वाघिवली वाडा, अप्पर ओवले, कोल्ही, कोपर, चिंचपाडा व वाघिवली 3500 विस्थापित परिवारों के लिए विकल्प: पनवेल के पास दापोली गांव में बनेगा पुष्पक नगर पुष्पक नगर की रचना: 106 हेक्टेयर के विस्तृत भूखंड पर इंटरनैशनल स्टैंडर्ड व सुविधाओं वाला नगर पुष्पक नगर में होंगी ये सुविधाएं: कंक्रीट सड़कें, अत्याधुनिक हॉस्पिटल्स, शैक्षणिक संकुल, तीन व पांच सितारा होटेल्स, वाणिज्यिक व व्यवसायिक संकुल पुष्पक नगर का बजट: 850 करोड़ रुपये एयरपोर्ट की संभावित यात्री उड़ान क्षमता: पूरी तरह से बन जाने के बाद 60 मिलियन (छह करोड़) हवाई यात्री प्रति वर्ष। 

Thursday, November 7, 2013

उद्धव मुंबई में होने वाले सचिन के आखिरी मैच को देखने के लिए खुद मौजूद रहेंगे



'मास्टर ब्लास्टर' क्रिकेटर सचिन तेंडुलकर ने शिवसेना अध्यक्ष उद्धव ठाकरे से वादा ले लिया है। वादा ये है कि उद्धव मुंबई में होने वाले सचिन के आखिरी मैच को देखने के लिए खुद मौजूद रहेंगे। सचिन अपना 200वां और जीवन का अंतिम टेस्ट मैच 14 से 18 नवंबर के बीच मुंबई के वानखेडे स्टेडियम में खेलेंगे।
शिवसेना सूत्रों के अनुसार, उद्धन ने पहले ही मन बना लिया था कि वे सचिन का अंतिम मैच देखने नहीं आएंगे। मुंबई क्रिकेट असोसिएशन के चुनाव और पार्टी नेता मनोहर जोशी से नाराजगी के चलते क्रिकेट प्रेमी उद्धव ने यह ऐतिहासिक मैच घर पर ही देखने का निर्णय किया था। सचिन और उद्धव पिछले दिनों उद्यमी मुकेश अंबानी की पत्नी नीता के जन्मदिन के उपलक्ष्य में जोधपुर में साथ थे।
बताया जाता है कि यहीं सचिन आगे बढ़कर उद्धव के पास आए और हालचाल जानने की औपचारिकता के बाद अपने अंतिम मैच के बारे में पूछ लिया। सचिन ने सीधे बिना लागलपेट यह पूछ लिया कि क्या आप वानखेडे में मेरा आखिरी मैच देखने आ रहे हैं या नहीं। सूत्रों के अनुसार, सवाल इतना सीधा था कि उद्धव नकार नहीं पाए। सचिन के आग्रह पर उद्धव ने यह वादा किया कि वे मैच देखने के लिए जरूर आएंगे। सचिन ने इसके लिए उद्धव ठाकरे का आभार व्यक्त किया है।

Monday, November 4, 2013

सभी फायर ब्रिगेड कर्मचारियों के परिवार

 शनिवार को भायखला में एक बड़ा हादसा टल गया। फायर ब्रिगेड के कर्मचारियों को दीवाली से पहले की शाम बेहद उठापटकवाली व खतरनाक रही। भायखला में स्थित फायर ब्रिगेड कमांडिंग सेंटर के पास बने स्टाफ क्वॉर्टर्स को जर्जर पाए जाने के बाद आनन-फानन में खाली करा दिया गया। डाकयॉर्ड रोड बिल्डिंग हादसे के बाद बीएमसी किसी तरह का कोई जोखिम नहीं उठाना चाहती है इसलिए जैसे ही बिल्डिंग के खंभे में मौजूद दरार के अधिक गहरा होने का पता चला निवासियों को बाहर निकाल लिया गया।
ई वॉर्ड के असिस्टेंट म्यूनिसिपल कमिश्नर संजोग कबरे ने बताया, 'दोपहर को एक कर्मचारी ने बिल्डिंग की पहली मंजिल के खंभे में दरार होने की जानकारी दी। इसके बाद बीएमसी के इंजिनियर्स ने वहां पहुंचकर जांच के बाद बिल्डिंग को खाली करा लिया गया।' यहां पांच-पांच मंजिला दो बिल्डिंग हैं, जिनमें कुल 64 परिवार रहते हैं और सभी फायर ब्रिगेड कर्मचारियों के परिवार हैं। कबरे ने कहा, 'पूर्वी हिस्से की बिल्डिंग में दरार थी इसलिए उसमें रहनेवाले 32 परिवारों को तुरंत बाहर निकाल लिया गया।' वहीं, दूसरी बिल्डिंग में रहनेवाले बाकी के 32 परिवारों को भी निकाला गया लेकिन बाद में जांच के बाद उन्हें रहने की इजाजत दी गई। कबरे ने बताया, 'बिल्डिंग की जांच के लिए स्ट्रक्चरल ऑडिटर को जिम्मा सौंपा गया है। फिलहाल, निकाले गए 32 परिवारों को पास ही बनी कमांडिंग सेंटर की खाली बिल्डिंग में अस्थायी तौर पर रखा जाएगा।' फायर ब्रिगेड कंट्रोल रूम को किसी प्रकार की हानि नहीं हुई है। खबर लिखे जाने तक तक ऑडिट का काम चलता रहा।

Sunday, November 3, 2013

शुभकामनायें

आप सभी पाठकों को दीप पर्व की शुभकामनायें